भाटापारा में अवैध शराब रैकेट का खुलासा, मुख्य आरोपी कान्हा मिश्रा गिरफ्तार
भाटापारा पुलिस ने अवैध शराब कारोबार में बड़ी कार्रवाई करते हुए उस मुख्य आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है, जो लंबे समय से भारी मात्रा में देसी शराब मंगवाकर गुप्त रूप से बिक्री करने में शामिल था। आरोपी कृष्णकांत उर्फ कान्हा मिश्रा (उम्र 24 वर्ष), निवासी गुरु नानक वार्ड भाटापारा पुलिस गिरफ्त में आ चुका है। यह वही आरोपी है जिसे पुलिस पूर्व में पकड़े गए दो अन्य आरोपियों और अर्जुनी कंपोजिट शराब दुकान के सेल्समैन से मिली सांठगांठ के आधार पर तलाश रही थी।

मामले की शुरुआत उस समय हुई जब पुलिस ने कुछ दिन पहले स्कूटी के माध्यम से बड़ी मात्रा में शराब ले जा रहे दो आरोपियों को गिरफ्तार किया था। उनके पास से 414 पाव देसी मसाला शराब और ₹41,400 मूल्य का माल बरामद किया गया था। पूछताछ में सामने आया कि यह शराब अर्जुनी कंपोजिट दुकान से चोरीछिपे अवैध बिक्री के लिए निकाली गई थी। दोनों आरोपियों के बयान और मोबाइल लोकेशन के आधार पर पुलिस को इस नेटवर्क में और लोगों की संलिप्तता का अंदेशा हुआ।
जांच आगे बढ़ने पर अर्जुनी कंपोजिट शराब दुकान के सेल्समैन की संदिग्ध भूमिका सामने आई। पुलिस ने जब उससे पूछताछ की तो कई महत्वपूर्ण जानकारियां मिलीं, जिनसे पता चला कि आरोपी कान्हा मिश्रा पूरे रैकेट को खड़ा कर अवैध शराब की सप्लाई और बिक्री करवाने में मुख्य भूमिका निभा रहा था। इसके बाद पुलिस टीम ने रणनीति बनाकर उसे गिरफ्तार कर लिया।
कान्हा मिश्रा से गहन पूछताछ में यह पुष्टि हुई कि वह पहले पकड़े गए दोनों आरोपियों को शराब उपलब्ध करवाता था और बदले में मोटा लाभ कमाता था। पुलिस ने बताया कि आरोपी शराब दुकान के सेल्समैन से सांठगांठ कर तय समय पर शराब मंगवाता और फिर अलग-अलग इलाकों में अवैध रूप से बेचवाने का काम करता था। इससे न सिर्फ सरकारी राजस्व की हानि हो रही थी बल्कि अवैध शराब के कारोबार को बढ़ावा मिल रहा था।
भाटापारा पुलिस ने “END to END” विवेचना करते हुए शराब उपलब्ध कराने वालों, उसे परिवहन करने वालों और बिक्री के लिए मंगवाने वालों—तीनों स्तरों पर कार्रवाई की है। पुलिस का कहना है कि इस मामले में शामिल अन्य लोगों की पहचान भी की जा रही है, और अवैध शराब कारोबार पर सख्त कार्रवाई आगे भी जारी रहेगी।
