बिलासपुर में मोबाइल गेम के लिए दोस्त ने की हत्या, 15 दिन बाद स्कूल में मिला शव
छत्तीसगढ़ के बिलासपुर जिले में मोबाइल गेम की लत ने एक नाबालिग की जान ले ली। पुलिस के अनुसार, 13 वर्षीय चिन्मय सूर्यवंशी का शव 15 दिन बाद एक बंद पड़े स्कूल के कमरे में सड़ी-गली अवस्था में मिला। हत्या के आरोप में मृतक के ही दोस्त छत्रपाल सूर्यवंशी को गिरफ्तार किया गया है।
मामला भरार गांव का है, जहां चिन्मय 31 जुलाई की शाम घर से निकला था और वापस नहीं लौटा। परिजनों ने रिश्तेदारों और आसपास के इलाकों में खोजबीन की, लेकिन कोई सुराग नहीं मिला। पुलिस में गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराई गई और एक लाख रुपये का इनाम भी घोषित किया गया था।
14 अगस्त को गांव के लोगों को पुराने स्कूल से तेज बदबू आने पर उन्होंने वहां जाकर देखा, तो बंद कमरे में एक शव मिला। पहचान करने पर यह शव चिन्मय का निकला। शव की हालत इतनी खराब थी कि फॉरेंसिक टीम और डॉग स्क्वॉड को मौके पर बुलाना पड़ा। पोस्टमॉर्टम के लिए शव को भेज दिया गया।
पुलिस ने शक के आधार पर चिन्मय के दोस्त छत्रपाल को हिरासत में लेकर पूछताछ की। पूछताछ में आरोपी ने कबूल किया कि उसे और चिन्मय को मोबाइल गेम की लत थी। घर वालों ने उसका मोबाइल छीन लिया था, जिसके बाद उसने चिन्मय से मोबाइल मांगा। जब चिन्मय ने देने से मना किया, तो गला घोंटकर उसकी हत्या कर दी।
हत्या के बाद छत्रपाल ने शव को गांव के उसी बंद स्कूल में छिपा दिया, जो पिछले 10 महीनों से उपयोग में नहीं था। पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर आगे की जांच शुरू कर दी है।
