सुकमा में हिंसा का रास्ता छोड़ मुख्यधारा में लौटे 29 नक्सली
सुकमा जिले में नक्सल उन्मूलन की दिशा में चलाए जा रहे सरकारी प्रयासों को बड़ी सफलता मिली है। ‘पुना मार्गम’ योजना के तहत 29 नक्सलियों ने हिंसा का रास्ता छोड़ते हुए आत्मसमर्पण कर दिया। लगातार बढ़ती पुलिस गतिविधियों और सरकार की पुनर्वास योजनाओं से प्रभावित होकर इन नक्सलियों ने समाज की मुख्यधारा में लौटने का निर्णय लिया है।

पुलिस अधिकारियों के अनुसार, राज्य सरकार द्वारा संचालित विभिन्न पुनर्वास, रोजगार और विकास योजनाओं ने नक्सल प्रभावित क्षेत्रों में सकारात्मक माहौल बनाया है। इसी का परिणाम है कि बड़ी संख्या में नक्सली संगठन से नाता तोड़कर शांतिपूर्ण जीवन अपनाने के लिए आगे आ रहे हैं।
आत्मसमर्पण करने वाले नक्सलियों को शासन की नीति के अनुसार सुरक्षा, पुनर्वास सहायता, आजीविका के साधन और सामाजिक पुनर्स्थापन की सुविधाएं प्रदान की जाएंगी। पुलिस एवं प्रशासन द्वारा उन्हें समाज की मुख्यधारा से जोड़ने के लिए आवश्यक मार्गदर्शन भी दिया जा रहा है।
पुलिस प्रशासन ने इसे नक्सल उन्मूलन अभियान में एक महत्वपूर्ण उपलब्धि बताया है और कहा है कि आने वाले समय में भी ऐसे प्रयास लगातार जारी रहेंगे, ताकि क्षेत्र में शांति, विकास और विश्वास का वातावरण मजबूत हो सके।
