स्वास्थ्य विभाग की बड़ी कार्रवाई: 170 जगहों पर छापेमारी, जब्त की गई नकली ब्यूटी प्रोडक्ट्स और प्रतिबंधित दवाएं, जांच रिपोर्ट के बाद होगी सख्त कार्रवाई
छत्तीसगढ़ में स्वास्थ्य विभाग ने नकली दवाओं और मिलावटी सौंदर्य प्रसाधनों के खिलाफ राज्यव्यापी अभियान चलाते हुए 170 ठिकानों पर छापेमारी की। 78 औषधि निरीक्षकों की टीम ने जांच कर प्रतिबंधित और हानिकारक उत्पाद जब्त किए। स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल ने दोषियों पर सख्त कार्रवाई की चेतावनी दी है।
छत्तीसगढ़ में स्वास्थ्य विभाग की बड़ी कार्रवाई: नकली दवाओं और ब्यूटी प्रोडक्ट्स के खिलाफ चला राज्यव्यापी अभियान, 170 ठिकानों पर छापेमारी, सैकड़ों प्रतिबंधित सामग्रियाँ जब्त
रायपुर। छत्तीसगढ़ में स्वास्थ्य सुरक्षा को लेकर एक बड़ा कदम उठाते हुए राज्य सरकार ने नकली दवाओं, प्रतिबंधित रसायनों और मिलावटी सौंदर्य प्रसाधनों के खिलाफ व्यापक जांच अभियान शुरू किया है। प्रदेशभर में लंबे समय से मिल रही शिकायतों—जिनमें अवैध रूप से संचालित फार्मेसियों, नकली दवाओं की आपूर्ति, और ब्यूटी प्रोडक्ट्स में हानिकारक रसायनों के इस्तेमाल का जिक्र था—के बाद स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल ने सख्त रुख अपनाते हुए तत्काल कार्रवाई के निर्देश दिए।
स्वास्थ्य मंत्री ने खाद्य एवं औषधि प्रशासन (FDA) को राज्यव्यापी छापामार अभियान चलाने को कहा। आदेश मिलते ही 78 औषधि निरीक्षकों की विशेष टीम गठित की गई, जिन्होंने बीते कुछ दिनों में राज्य के 170 प्रतिष्ठानों पर एकसाथ छापेमारी कर हड़कंप मचा दिया।
इस दौरान अनेक अवैध फार्मेसियाँ, बिना लाइसेंस के संचालित मेडिकल स्टोर, और बाजार में खुलेआम बिक रहे मिलावटी ब्यूटी प्रोडक्ट्स की धरपकड़ की गई। जांच में कई प्रतिबंधित दवाएं, समाप्ति तिथि (एक्सपायर्ड) वाली दवाइयाँ, और विदेशी टैग लगे नकली ब्यूटी उत्पाद बरामद किए गए। वहीं कई उत्पाद ऐसे भी पाए गए जिनमें स्टेरॉइड्स और हानिकारक रसायनों का उपयोग किया गया था, जिससे उपभोक्ताओं के स्वास्थ्य पर गंभीर खतरा उत्पन्न हो सकता था।
प्रशासन द्वारा जब्त की गई वस्तुओं को फॉरेंसिक जांच के लिए भेजा गया है और स्वास्थ्य मंत्री ने साफ किया है कि जांच रिपोर्ट मिलने के बाद दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। इसमें लाइसेंस रद्द करने, आपराधिक प्रकरण दर्ज करने और अर्थदंड लगाने जैसे कदम शामिल होंगे।
अधिकारियों का मानना है कि यह अभियान न केवल मिलावटी औषधियों की आपूर्ति पर लगाम लगाएगा, बल्कि आम नागरिकों में स्वास्थ्य सुरक्षा के प्रति जागरूकता भी बढ़ाएगा।
स्वास्थ्य मंत्री जायसवाल ने कहा, “हम किसी भी सूरत में राज्य की जनता के स्वास्थ्य के साथ खिलवाड़ नहीं होने देंगे। अवैध कारोबारियों और नकली उत्पाद बेचने वालों के खिलाफ जीरो टॉलरेंस की नीति अपनाई जाएगी।”
प्रदेश में इस व्यापक अभियान को आम जनता और स्वास्थ्य विशेषज्ञों से सराहना मिल रही है। उम्मीद की जा रही है कि ऐसे कदमों से नकली दवाओं और ब्यूटी प्रोडक्ट्स के बाजार पर लगाम लगेगी और लोगों को सुरक्षित उत्पाद उपलब्ध होंगे।
