दिल्ली की अदालत ने पूर्व R&AW अधिकारी विकास यादव के खिलाफ गैर-जमानती वारंट जारी किया
दिल्ली की एक अदालत ने खालिस्तानी नेता गुरपतवंत सिंह पन्नून की हत्या की साजिश से जुड़े मामले में नामजद और फिरौती-किडनैपिंग केस में आरोपी पूर्व R&AW अधिकारी विकास यादव के खिलाफ गैर-जमानती वारंट जारी किया है। अदालत ने कहा कि यादव बार-बार बुलाने के बावजूद पेश नहीं हुए।
नई दिल्ली, 26 अगस्त 2025।
दिल्ली की एक अदालत ने पूर्व खुफिया एजेंसी रिसर्च एंड एनालिसिस विंग (R&AW) के अधिकारी विकास यादव के खिलाफ गैर-जमानती वारंट (NBW) जारी किया है। यादव का नाम अमेरिका द्वारा खालिस्तानी अलगाववादी गुरपतवंत सिंह पन्नून की हत्या की कथित साजिश में लिया गया था।
यादव को इससे पहले 18 दिसंबर 2023 को दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल ने गिरफ्तार किया था। उन पर रोहिणी निवासी की शिकायत पर फिरौती और अपहरण का मामला दर्ज किया गया था, जिसमें उनका नाम गैंगस्टर लॉरेंस बिश्नोई से भी जोड़ा गया था।
पटियाला हाउस कोर्ट के अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश सौरभ प्रताप सिंह लालेर ने सोमवार को आदेश जारी करते हुए कहा कि आरोपी विकास यादव सुबह से अनुपस्थित हैं और बार-बार बुलाने के बावजूद पेश नहीं हुए। अदालत ने आदेश दिया—
“आरोपी विकास यादव के खिलाफ गैर-जमानती वारंट जारी किए जाएं और उनके जमानतदार को धारा 491 भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता के तहत नोटिस भेजा जाए।”
अगली सुनवाई की तारीख 17 अक्टूबर तय की गई है।
दिल्ली की अदालतों में सोमवार को ऑल डिस्ट्रिक्ट कोर्ट बार एसोसिएशंस की समन्वय समिति द्वारा जारी हड़ताल का तीसरा दिन था। वकील उपराज्यपाल वी. के. सक्सेना की उस अधिसूचना का विरोध कर रहे हैं, जिसमें पुलिस को थानों से ही डिजिटल तरीके से सबूत पेश करने की अनुमति दी गई है।
