गरियाबंद पुलिस का बड़ा एक्शन: टायरों में छिपाकर ले जा रहे थे 151 किलो गांजा, ₹75.50 लाख का माल जब्त, 2 अंतरराज्यीय तस्कर गिरफ्तार
गरियाबंद। नशे के अवैध कारोबार के खिलाफ गरियाबंद पुलिस का ‘ऑपरेशन निश्चय’ लगातार प्रभावी कार्रवाई कर रहा है। इसी अभियान के तहत देवभोग पुलिस ने अंतरराज्यीय गांजा तस्करी के एक बड़े मामले का पर्दाफाश करते हुए 151 किलोग्राम अवैध गांजा बरामद किया है। तस्करों ने पुलिस से बचने के लिए गांजे को मेटाडोर के टायरों के अंदर छिपाकर रखा था।
पुलिस ने कार्रवाई के दौरान गांजे के साथ मेटाडोर वाहन भी जब्त किया है। मामले में मध्यप्रदेश और ओडिशा से जुड़े दो अंतरराज्यीय तस्करों को गिरफ्तार कर न्यायालय के समक्ष पेश किया गया।
खुटगांव चेक पोस्ट पर पकड़ा गया गांजे से भरा मेटाडोर
पुलिस के अनुसार, 19 अगस्त 2026 को थाना देवभोग पुलिस को मुखबिर से सूचना मिली थी कि एक मेटाडोर में अवैध गांजा भरकर देवभोग की ओर ले जाया जा रहा है। सूचना मिलते ही खुटगांव अंतरराज्यीय पुलिस चेक पोस्ट पर तैनात पुलिस जवानों को सतर्क किया गया और संदिग्ध वाहनों की चेकिंग शुरू की गई।
इसी दौरान पुलिस टीम ने एक संदिग्ध मेटाडोर को रोककर गवाहों की मौजूदगी में उसकी तलाशी ली। जांच के दौरान वाहन के 6 टायरों के अंदर छिपाकर रखा गया कुल 151 किलोग्राम गांजा बरामद हुआ।
पुलिस ने गांजे को जब्त करने के साथ ही तस्करी में इस्तेमाल कथ्थई रंग का मेटाडोर क्रमांक CG 07 AV 3587 भी कब्जे में लिया।

दो अंतरराज्यीय तस्कर गिरफ्तार
पूछताछ में वाहन चालक और उसके साथ बैठे व्यक्ति की पहचान इस प्रकार हुई—
1. रोहित पांडेय, पिता स्व. देशराज पांडेय, उम्र 35 वर्ष, निवासी ग्राम चंद्र नगर पंचायत के पीछे, थाना बमीठा, जिला छतरपुर, मध्यप्रदेश।
2. रमेश नायक, पिता त्रिनाथ नायक, उम्र 52 वर्ष, निवासी एम रामपुर ताल सागर पाड़ा, थाना एम रामपुर, जिला कालाहांडी, ओडिशा।
पुलिस ने दोनों आरोपियों के कब्जे से बरामद 151 किलोग्राम गांजा, जिसकी अनुमानित कीमत ₹75 लाख 50 हजार, तथा घटना में प्रयुक्त मेटाडोर, जिसकी अनुमानित कीमत ₹20 लाख 25 हजार बताई गई है, विधिवत जब्त किया।
इस तरह पुलिस ने गांजा और वाहन सहित लगभग ₹95.75 लाख की संपत्ति बरामद की।
NDPS Act के तहत मामला दर्ज
पुलिस के अनुसार आरोपियों के खिलाफ धारा 20(b)(ii)(C) और 27A NDPS Act के तहत अपराध दर्ज किया गया है। दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर माननीय न्यायालय के समक्ष पेश किया गया।
मामले में पुलिस द्वारा गांजा तस्करी के नेटवर्क और आरोपियों से जुड़े अन्य लोगों के संबंध में भी जांच की जा रही है।
8 महीने में 1,080 किलो गांजा जब्त, 86 आरोपी गिरफ्तार
गरियाबंद पुलिस के ‘ऑपरेशन निश्चय’ के तहत पिछले 8 महीनों में नशे के खिलाफ बड़े स्तर पर कार्रवाई की गई है। पुलिस द्वारा जारी आंकड़ों के अनुसार इस अवधि में कुल 44 मामले दर्ज किए गए और 86 अंतरराज्यीय एवं स्थानीय तस्करों को गिरफ्तार किया गया।
इस दौरान पुलिस ने कुल 10 क्विंटल 80 किलोग्राम यानी 1,080 किलोग्राम गांजा जब्त किया, जिसकी अनुमानित कीमत लगभग ₹5 करोड़ 17 लाख बताई गई है।
इसके अलावा गांजा तस्करी में इस्तेमाल किए गए 32 वाहन भी जब्त किए गए हैं। इनमें 18 दोपहिया और 14 चारपहिया वाहन शामिल हैं।
सीमा से लगे जिले का फायदा उठाने की कोशिश कर रहे तस्कर
गरियाबंद जिला कई राज्यों की सीमा से जुड़ा होने के कारण नशे के तस्करों के लिए संवेदनशील माना जाता है। पुलिस के मुताबिक तस्कर अंतरराज्यीय सीमाओं का फायदा उठाकर अवैध मादक पदार्थों का परिवहन करने की कोशिश करते हैं।
इसी चुनौती को देखते हुए रायपुर रेंज के पुलिस महानिरीक्षक के निर्देश पर ‘ऑपरेशन निश्चय’ के तहत सीमा क्षेत्रों में चेक पोस्ट, वाहन जांच, मुखबिर तंत्र और पुलिस की सतत निगरानी को मजबूत किया गया है।
पुलिस की सक्रिय टीमों और मुखबिर तंत्र की मदद से पिछले आठ महीनों में गांजा तस्करी से जुड़े नेटवर्क के खिलाफ लगातार कार्रवाई की गई है।
देवभोग पुलिस टीम को किया जाएगा सम्मानित
इस कार्रवाई में उत्कृष्ट कार्य करने वाली थाना प्रभारी देवभोग एवं उनकी टीम को सम्मानित किए जाने की घोषणा की गई है। पुलिस का कहना है कि जिले में नशीले पदार्थों के अवैध कारोबार के खिलाफ यह अभियान आगे भी लगातार जारी रहेगा।
