रायपुर में 15 लाख की फर्जी लूट का खुलासा, खुद पीड़ित ही निकला आरोपी

रायपुर पंडरी थाना पुलिस ने 15 लाख रुपये की कथित लूट का पर्दाफाश किया। जांच में खुलासा हुआ कि शिकायतकर्ता चिराग जैन ही इस पूरे फर्जीवाड़े का मास्टरमाइंड था, जिसने एमसीएक्स में हुए नुकसान और कर्ज से बचने के लिए नकदी व गहने छिपाए थे। पुलिस ने आरोपी से पूरी रकम, तीन सोने की अंगूठियां और मोबाइल बरामद किया।

img_0926.jpg

रायपुर। पंडरी थाना पुलिस ने एक कथित लूट की गुत्थी सुलझाते हुए चौंकाने वाला सच उजागर किया है। जिस व्यक्ति ने पुलिस को लूट की शिकायत दर्ज कराई थी, वही इस पूरे खेल का मास्टरमाइंड निकला। आरोपी चिराग जैन ने एमसीएक्स (MCX) में हुए वित्तीय नुकसान और उड़ीसा के एक व्यापारी के कर्ज से बचने के लिए 15 लाख रुपये छिपाकर झूठी लूट की कहानी बनाई थी। पुलिस ने आरोपी से नकदी, तीन सोने की अंगूठियां और एक मोबाइल फोन बरामद किया है।

कैसे रची गई कहानी
11 अगस्त 2025 को वालफोर्ट वुड्स, थाना विधानसभा निवासी 27 वर्षीय चिराग जैन ने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई कि वह अपने पिता की फर्म श्री रॉकड्रिल्स और अपनी फर्म श्री इंटरप्राइजेस का संचालन करता है, जहां हर माह लाखों का लेन-देन होता है। उसके मुताबिक, 5 से 8 अगस्त के बीच हुई खरीदी-बिक्री से प्राप्त 15 लाख रुपये उसने ऑफिस की अलमारी में रखे थे।


शिकायत में बताया गया कि 11 अगस्त की सुबह वह रकम बैंक में जमा करने जा रहा था, तभी कांपा रेलवे फाटक के पास काले रंग की बाइक पर सवार तीन अज्ञात बदमाशों ने उसकी कार रोक ली। दो हमलावर कार में घुसे, चाकू की नोक पर मोबाइल बाहर फेंका, सोने की अंगूठियां और नकदी से भरा बैग लेकर फरार हो गए। बाइक की नंबर प्लेट पर “BOSS” लिखा था।

पुलिस की जांच में खुला राज़
एसएसपी डॉ. लाल उमेद सिंह के निर्देश पर एंटी क्राइम और साइबर यूनिट, पंडरी थाना स्टाफ और वरिष्ठ अफसरों की टीम ने जांच शुरू की। घटनास्थल और आसपास के सीसीटीवी फुटेज खंगाले गए, लेकिन कहीं भी लूट की घटना कैद नहीं मिली। प्रत्यक्षदर्शियों ने भी कोई पुष्टि नहीं की।
जब चिराग जैन से दोबारा पूछताछ हुई, तो उसके बयानों में बार-बार बदलाव मिला। घटनास्थल के रिक्रिएशन और तकनीकी सबूतों में असंगतियां मिलने के बाद पुलिस का शक पक्का हो गया। अंततः कड़ी पूछताछ में चिराग टूट गया और सच स्वीकार कर लिया कि उसने खुद ही नकदी और अंगूठियां छिपा दी थीं। उसका उद्देश्य था एमसीएक्स में हुए नुकसान और उड़ीसा के व्यापारी के कर्ज से बचना।

बरामदगी और कार्रवाई
आरोपी की निशानदेही पर पुलिस ने पूरे 15 लाख रुपये नकद, तीन सोने की अंगूठियां और मोबाइल फोन बरामद किया। उसके खिलाफ झूठी रिपोर्ट दर्ज कराने सहित संबंधित धाराओं में मामला दर्ज कर कानूनी कार्रवाई की जा रही है।

पुलिस टीम की भूमिका
इस मामले के खुलासे में एंटी क्राइम और साइबर यूनिट के साथ पंडरी थाना पुलिस की महत्वपूर्ण भूमिका रही। उनकी सतर्कता, तकनीकी विश्लेषण और गहन पूछताछ ने फर्जी लूट की इस योजना को उजागर कर दिया।

हो सकता है आप चूक गए हों