कांकेर: मौत को लेकर विवाद, शव निकाले जाने के बाद पोस्टमार्टम, पथराव में 20 पुलिसकर्मी घायल
कांकेर।
जिले के थाना अम्बेडा अंतर्गत ग्राम बड़ा तेवड़ा निवासी 70 वर्षीय चमराराम सलाम की मौत को लेकर गांव में तनाव की स्थिति बन गई। ग्रामीणों के एक वर्ग ने मृत्यु को संदिग्ध बताते हुए अंतिम संस्कार पर आपत्ति जताई और शव को बाहर निकालकर दोबारा जांच की मांग की।

ग्रामीणों की शिकायत के आधार पर कार्यपालिक दंडाधिकारी द्वारा विधि सम्मत प्रक्रिया के तहत शव को कब्र से बाहर निकालने (एक्सह्यूम) का आदेश जारी किया गया। इसके बाद पंचनामा कार्रवाई पूरी कर पोस्टमार्टम कराया गया। समस्त कानूनी प्रक्रिया पूर्ण होने के पश्चात परिजनों द्वारा आज शव का अंतिम संस्कार किया गया।
पथराव और झड़प से बिगड़े हालात
इस मामले को लेकर 18 दिसंबर को गांव में स्थिति उस समय बिगड़ गई जब दो पक्ष आमने-सामने आ गए और पथराव की घटना हो गई। हालात को नियंत्रित करने के लिए पुलिस बल और कार्यपालिक दंडाधिकारी को मौके पर हस्तक्षेप करना पड़ा। इस दौरान कुछ संपत्तियों को भी नुकसान पहुंचा।
घटना में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक अंतागढ़ श्री आशीष बंचोर सहित 20 से अधिक पुलिसकर्मी घायल हुए। सभी घायल जवानों को तत्काल प्राथमिक उपचार दिया गया, जबकि गंभीर रूप से घायल पुलिसकर्मियों को बेहतर इलाज के लिए उच्च चिकित्सा केंद्रों में रेफर किया गया।

घायल जवानों का उपचार जारी
पुलिस प्रशासन के अनुसार वर्तमान में 8 घायल पुलिसकर्मी कांकेर और रायपुर के अस्पतालों में उपचाररत हैं। सभी की स्थिति पर लगातार नजर रखी जा रही है और आवश्यक चिकित्सकीय सुविधा उपलब्ध कराई जा रही है।
शांति बनाए रखने के लिए फ्लैग मार्च
कानून-व्यवस्था बनाए रखने और क्षेत्र में शांति का संदेश देने के उद्देश्य से आज पुलिस एवं कार्यपालिक दंडाधिकारी द्वारा प्रभावित इलाके में फ्लैग मार्च किया गया। गांव में पर्याप्त पुलिस बल की तैनाती की गई है और क्षेत्र में लगातार निगरानी रखी जा रही है।
स्थिति नियंत्रण में
प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि पूरे घटनाक्रम को लेकर आवश्यक वैधानिक कार्रवाई और फॉलो-अप सुनिश्चित किया जा रहा है। वर्तमान में गांव की स्थिति पूरी तरह शांत और नियंत्रण में है, हालांकि एहतियात के तौर पर सख्त सतर्कता बरती जा रही है।
