कबीरधाम को मिला पहला साइबर थाना, डिजिटल अपराधों पर सख्त नियंत्रण की दिशा में बड़ा कदम
डिजिटल अपराधों पर प्रभावी नियंत्रण की दिशा में कबीरधाम जिले ने एक बड़ी उपलब्धि हासिल की है। कवर्धा स्थित पुराने पुलिस लाइन परिसर में जिले के पहले साइबर पुलिस थाना की शुरुआत की गई। इस साइबर थाने का उद्घाटन प्रदेश के उपमुख्यमंत्री एवं गृहमंत्री विजय शर्मा द्वारा किया गया।

साइबर पुलिस थाना की स्थापना का उद्देश्य जिले में बढ़ते ऑनलाइन फ्रॉड, बैंक धोखाधड़ी, फर्जी कॉल, सोशल मीडिया अपराध और डिजिटल ठगी पर त्वरित और प्रभावी कार्रवाई करना है। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा ने कहा कि डिजिटल लेन-देन और ऑनलाइन सेवाओं के विस्तार के साथ साइबर अपराध भी तेजी से बढ़ रहे हैं, ऐसे में साइबर थाने की स्थापना समय की मांग है।

कबीरधाम पुलिस अधीक्षक धर्मेंद्र सिंह (B.P.S.) ने बताया कि साइबर पुलिस थाना में निरीक्षक प्रभारी सहित कुल 30 प्रशिक्षित अधिकारी-कर्मचारियों की पदस्थापना की गई है। थाने की निगरानी और मार्गदर्शन की जिम्मेदारी उप पुलिस अधीक्षक स्तर के अधिकारी को सौंपी गई है, ताकि कार्रवाई की गुणवत्ता और प्रभावशीलता बनी रहे।

पुलिस अधीक्षक ने बताया कि सीमित संसाधनों के बावजूद कबीरधाम पुलिस ने साइबर तकनीक के माध्यम से उल्लेखनीय सफलता हासिल की है। जिले में 112 ऑनलाइन ठगी मामलों में लगभग 50 लाख रुपये पीड़ितों को वापस दिलाए गए हैं, वहीं CEIR पोर्टल की मदद से 872 गुम व चोरी हुए मोबाइल फोन बरामद कर नागरिकों को लौटाए गए हैं।
साइबर थाना के शुभारंभ से जिले में साइबर अपराधों की शिकायतों का त्वरित निराकरण, डिजिटल साक्ष्यों का बेहतर संकलन और महिलाओं, बच्चों व संवेदनशील वर्ग से जुड़े मामलों में तेज कार्रवाई संभव हो सकेगी। यह पहल कबीरधाम को सुरक्षित, भरोसेमंद और तकनीक-सक्षम डिजिटल जिला बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है।
