बालोद जिले को मिली अत्याधुनिक मोबाइल फोरेंसिक वैन, अब घटनास्थल पर ही होगी वैज्ञानिक जांच
छत्तीसगढ़ सरकार और गृह मंत्रालय की पहल से बालोद जिले को अत्याधुनिक मोबाइल फोरेंसिक वैन की सौगात मिली है। इस हाईटेक मोबाइल फोरेंसिक वैन को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया गया, जो अब अपराध अनुसंधान, वैज्ञानिक साक्ष्य संकलन और जांच प्रक्रिया को नई मजबूती देगी।

यह मोबाइल फोरेंसिक वैन 14 प्रकार की आधुनिक फोरेंसिक किट और अत्याधुनिक उपकरणों से लैस है, जिससे घटनास्थल पर ही वैज्ञानिक जांच, साक्ष्य संग्रहण और विश्लेषण तेजी और सटीकता के साथ किया जा सकेगा। इससे न केवल जांच प्रक्रिया अधिक पारदर्शी और विश्वसनीय बनेगी, बल्कि न्यायिक प्रक्रिया को भी गति मिलेगी।
कार्यक्रम के दौरान पुलिस अधिकारियों एवं कर्मचारियों को मोबाइल फोरेंसिक वैन के तकनीकी उपयोग और कार्यप्रणाली की विशेष ट्रेनिंग दी गई। अधिकारियों को घटनास्थल पर साक्ष्य संरक्षण, वैज्ञानिक जांच, तकनीकी सावधानियों और आधुनिक उपकरणों के उपयोग की विस्तृत जानकारी भी दी गई।
पुलिस अधीक्षक बालोद श्री योगेश कुमार पटेल ने कहा कि यह मोबाइल फोरेंसिक वैन घटनास्थल पर साक्ष्यों के वैज्ञानिक संरक्षण और परीक्षण में बेहद उपयोगी साबित होगी। इससे साक्ष्यों के नष्ट होने की संभावना कम होगी और अपराधों की निष्पक्ष व त्वरित जांच में मदद मिलेगी।

नगरपालिका अध्यक्ष श्रीमती प्रतिभा चौधरी ने कहा कि आधुनिक तकनीकों से लैस यह मोबाइल फोरेंसिक वैन पुलिस विभाग की कार्यक्षमता को नई दिशा देगी और आम जनता को त्वरित सहायता उपलब्ध कराने में मददगार साबित होगी।
राज्य लघु वनोपज (व्यापार एवं विकास) सहकारी संघ लिमिटेड के उपाध्यक्ष श्री यज्ञदत्त शर्मा ने कहा कि तकनीक आधारित पुलिसिंग वर्तमान समय की आवश्यकता है और यह पहल अपराध अनुसंधान के साथ-साथ न्याय व्यवस्था में जनता के विश्वास को भी मजबूत करेगी।
एफएसएल की वैज्ञानिक अधिकारी डॉ. स्मिता रानी भारदिया ने जानकारी दी कि मोबाइल फोरेंसिक वैन में अपराध स्थल पर ही विभिन्न प्रकार के साक्ष्यों की जांच के लिए आधुनिक उपकरण उपलब्ध हैं, जिससे प्रारंभिक फोरेंसिक जांच तेजी और सटीकता से की जा सकेगी।

मोबाइल फोरेंसिक वैन में उपलब्ध प्रमुख सुविधाएं
- क्राइम सीन सेफ्टी किट
- फिंगरप्रिंट एवं फुटप्रिंट जांच किट
- डीएनए एवं ब्लड एविडेंस जांच उपकरण
- नारकोटिक्स एवं विस्फोटक जांच किट
- बैलिस्टिक एवं GSR जांच सुविधा
- हाईटेक कैमरा, बॉडी कैमरा एवं GPS सिस्टम
- माइक्रोस्कोप, लैपटॉप-प्रिंटर, LED स्क्रीन
- मिनी रेफ्रिजरेटर एवं जनरेटर सुविधा
कार्यक्रम में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्रीमती मोनिका ठाकुर, नगर पुलिस अधीक्षक राजहरा श्री विकास पाटले, डीएसपी श्री राजेश बागड़े, डीएसपी श्रीमती श्रुति चक्रवर्ती, डीएसपी श्रीमती माया शर्मा, सुरक्षा निरीक्षक श्रीमती रेवती वर्मा सहित अन्य अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।
बालोद पुलिस ने कहा कि तकनीक आधारित वैज्ञानिक जांच के जरिए अपराधियों के खिलाफ और अधिक प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।
