उज्जैन पुलिस लाइन में ‘योग फॉर मेंटल हेल्थ’ कार्यक्रम, 200 से अधिक पुलिसकर्मियों ने किया योग और ध्यान
उज्जैन। पुलिसकर्मियों के मानसिक स्वास्थ्य और तनाव प्रबंधन को बढ़ावा देने के उद्देश्य से उज्जैन पुलिस लाइन में पुलिस एवं ईशा फाउंडेशन के संयुक्त सहयोग से ‘योग फॉर मेंटल हेल्थ’ कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में 200 से अधिक पुलिसकर्मियों और सिंहस्थ-2028 के लिए प्रशिक्षण प्राप्त कर रहे नवआरक्षकों ने हिस्सा लिया। इस दौरान प्रतिभागियों को योग और ध्यान के अभ्यास कराए गए।

कार्यक्रम में सुश्री पूर्वा मंजरेकर ने पुलिसकर्मियों और नवआरक्षकों को योग एवं ध्यान का अभ्यास कराया। उन्होंने प्रतिभागियों को विभिन्न अभ्यासों के माध्यम से मानसिक स्वास्थ्य के प्रति जागरूक करने और नियमित योग को दिनचर्या का हिस्सा बनाने के महत्व पर ध्यान केंद्रित कराया।
पुलिस की नौकरी में अनुशासन, जिम्मेदारी और लगातार सक्रिय रहने की आवश्यकता होती है। कानून-व्यवस्था बनाए रखने, अपराधों की जांच करने और नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के दौरान पुलिसकर्मियों को कई बार दबावपूर्ण परिस्थितियों का सामना करना पड़ता है। ऐसे में मानसिक स्वास्थ्य पर ध्यान देना और तनाव को बेहतर ढंग से संभालना महत्वपूर्ण माना जाता है।

इसी उद्देश्य से आयोजित इस कार्यक्रम में पुलिसकर्मियों के साथ सिंहस्थ-2028 के लिए प्रशिक्षित किए जा रहे नवआरक्षकों ने भी सहभागिता की। सिंहस्थ जैसे बड़े धार्मिक आयोजन में सुरक्षा और व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस बल की महत्वपूर्ण भूमिका होती है। ऐसे आयोजनों की तैयारी के दौरान शारीरिक क्षमता के साथ मानसिक संतुलन और एकाग्रता भी उपयोगी होती है।
योग और ध्यान को नियमित अभ्यास के रूप में अपनाने से व्यक्ति को एकाग्रता बढ़ाने, मन को शांत रखने और तनाव से निपटने में सहायता मिल सकती है। कार्यक्रम के माध्यम से प्रतिभागियों को इन अभ्यासों से परिचित कराने का प्रयास किया गया। इसमें बड़ी संख्या में पुलिसकर्मियों और नवआरक्षकों की भागीदारी रही।
उज्जैन पुलिस और ईशा फाउंडेशन की इस संयुक्त पहल में मानसिक स्वास्थ्य को महत्व देने का संदेश सामने आया। पुलिसकर्मियों के लिए ऐसे कार्यक्रम कार्य के दबाव के बीच स्वयं के स्वास्थ्य और मानसिक संतुलन पर ध्यान देने के प्रति जागरूकता बढ़ाने में सहायक हो सकते हैं।
