गरियाबंद पुलिस की नई पहल: अनधिकृत अप्रवासियों की पहचान के लिए चॉइस सेंटर और मोबाइल दुकानदारों की बैठक, जारी किया टोल फ्री नंबर
छत्तीसगढ़ की गरियाबंद पुलिस ने जिले की सुरक्षा व्यवस्था को और अधिक मजबूत बनाने के उद्देश्य से अनधिकृत अप्रवासियों की पहचान के लिए अहम पहल की है। पुलिस अधीक्षक वेदव्रत सिरमौर के निर्देशन में जिले के सभी चॉइस सेंटर संचालकों और मोबाइल दुकान संचालकों की बैठक आयोजित कर आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए गए।

बैठक में अधिकारियों ने संचालकों को निर्देश दिए कि वे अपने केंद्रों पर आने वाले प्रत्येक व्यक्ति के दस्तावेजों की पूरी सावधानी से जांच करें। चॉइस सेंटर संचालकों से कहा गया कि आधार कार्ड, राशन कार्ड या अन्य सरकारी दस्तावेज तैयार करने से पहले उनकी प्रामाणिकता की अनिवार्य रूप से पुष्टि करें। बिना वैध पहचान पत्र के किसी भी व्यक्ति के दस्तावेज तैयार नहीं किए जाएं।
इसी तरह मोबाइल दुकान संचालकों को नए सिम कार्ड जारी करते समय केवाईसी (KYC) प्रक्रिया का कड़ाई से पालन करने के निर्देश दिए गए। पुलिस ने स्पष्ट किया कि फर्जी या संदिग्ध दस्तावेजों के आधार पर किसी भी सिम कार्ड को सक्रिय नहीं किया जाए।
गरियाबंद पुलिस ने आम नागरिकों और व्यवसायियों के सहयोग के लिए टोल फ्री नंबर 1800-233-1905 भी जारी किया है। यदि किसी क्षेत्र में कोई संदिग्ध व्यक्ति या अनधिकृत अप्रवासी दिखाई देता है तो उसकी सूचना तत्काल इस नंबर पर देने की अपील की गई है। पुलिस ने भरोसा दिलाया है कि सूचना देने वाले व्यक्ति की पहचान पूरी तरह गोपनीय रखी जाएगी।
पुलिस ने यह भी स्पष्ट किया कि नियमों का उल्लंघन करने वाले या संदिग्ध गतिविधियों की जानकारी छिपाने वाले संचालकों के खिलाफ नियमानुसार कानूनी कार्रवाई की जाएगी। पुलिस का कहना है कि जिले को सुरक्षित और अपराधमुक्त बनाए रखने में आम नागरिकों और स्थानीय व्यवसायियों की सक्रिय भागीदारी बेहद महत्वपूर्ण है।
